बागेश्वर। गरुड़ तहसील के जैंसर और सिमार गांव में चार दिनों के भीतर तीन भैंसों की मौत के बाद रैबीज की आशंका से ग्रामीणों में दहशत फैल गई है। पशुपालन विभाग की प्रारंभिक जांच में मृत भैंसों में रैबीज जैसे लक्षण मिलने के बाद स्वास्थ्य और पशुपालन विभाग अलर्ट हो गए हैं। एहतियात के तौर पर मृत भैंसों का दूध या उससे बनी चाय का सेवन करने वाले 20 ग्रामीणों को एंटी रैबीज वैक्सीन लगाई गई है। साथ ही आसपास के पांच पशुओं का भी टीकाकरण किया गया है।
करीब एक हजार की आबादी वाले जैंसर और सिमार गांव में लगातार तीन भैंसों की मौत से पशुपालकों की चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों ने इसकी सूचना पशुपालन विभाग को दी, जिसके बाद विभागीय टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की।
स्थानीय निवासी भूपाल सिंह रावत ने बताया कि जांच के दौरान मृत भैंसों में रैबीज जैसे लक्षण पाए गए। इसके बाद विभाग ने उन सभी लोगों को एंटी रैबीज टीका लगवाने की सलाह दी, जिन्होंने मृत भैंसों का दूध या उससे बनी चाय का सेवन किया था। इसके बाद करीब 20 ग्रामीण सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बैजनाथ पहुंचे, जहां उनका टीकाकरण किया गया। गांव में घटना के बाद भय का माहौल है और लोग अपने अन्य पशुओं की सुरक्षा को लेकर भी चिंतित हैं।
शुक्रवार को डॉ. अमितेश राज के नेतृत्व में पशुपालन विभाग की टीम ने दोनों गांवों का निरीक्षण किया। टीम ने ग्रामीणों को किसी भी संदिग्ध पशु के संपर्क में नहीं आने और ऐसे मामलों की तत्काल सूचना विभाग को देने की सलाह दी। वहीं स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित लोगों का एहतियातन टीकाकरण शुरू कर दिया है।
सीएचसी बैजनाथ में शुक्रवार को केसर सिंह, बसंती देवी, भगवत भरड़ा, राजेंद्र कोरंगा, भूपाल कोरंगा और गोविंद सिंह भरड़ा समेत कई ग्रामीणों को एंटी रैबीज वैक्सीन लगाई गई। ग्रामीणों ने पूरे गांव के मवेशियों का टीकाकरण कराने और स्वास्थ्य विभाग से विशेष चिकित्सा टीम भेजकर अन्य लोगों की भी जांच कराने की मांग की है।
पशुपालन विभाग के डॉ. शिव कुमार ने बताया कि विभाग की टीम लगातार गांवों की निगरानी कर रही है। जहां आवश्यकता होगी, वहां पशुओं का टीकाकरण कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि मृत पशुओं में रैबीज जैसे लक्षण मिले हैं, इसलिए पूरे मामले पर गंभीरता से नजर रखी जा रही है।
नोट: रैबीज की अंतिम पुष्टि प्रयोगशाला जांच (लैब टेस्ट) के बाद ही मानी जाती है। फिलहाल विभाग ने लक्षणों के आधार पर एहतियाती कार्रवाई शुरू की है।

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