उत्तराखंड में भूकंप अलर्ट सिस्टम का परीक्षण, कई जगह सायरन में आई तकनीकी दिक्कतें

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देहरादून। भूकंपीय दृष्टि से संवेदनशील उत्तराखंड में शुक्रवार सुबह 11 बजे सायरन बजाकर भूकंप पूर्व चेतावनी प्रणाली की कार्यक्षमता का परीक्षण किया गया। इस दौरान देहरादून समेत राज्य के कुछ अन्य स्थानों पर सायरन के संचालन में तकनीकी दिक्कतें सामने आईं, जिसके चलते लोगों को चेतावनी सुनाई नहीं दी।

उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (यूएसडीएमए) के राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र से पूरे परीक्षण की निगरानी की गई। यूएसडीएमए के अनुसार, राज्य में स्थापित 112 सायरन तक परीक्षण अलर्ट पहुंचा। इसके अलावा भूदेव मोबाइल ऐप पर भी परीक्षण चेतावनी प्राप्त हुई।

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परीक्षण की निगरानी के लिए आपदा प्रबंधन सचिव विनोद कुमार सुमन राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र में मौजूद रहे, जबकि भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) रुड़की के वैज्ञानिक ऑनलाइन माध्यम से इस प्रक्रिया से जुड़े रहे।

आपदा प्रबंधन सचिव विनोद कुमार सुमन ने बताया कि परीक्षण काफी हद तक सफल रहा। जिन स्थानों पर सायरन के संचालन में तकनीकी खामियां सामने आई हैं, उन्हें चिह्नित कर दूर किया जाएगा, ताकि आपात स्थिति में लोगों तक समय पर चेतावनी पहुंचाई जा सके।

हर माह नौ तारीख को सुबह 11 बजे बजेगा सायरन

मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने प्रत्येक माह की नौ तारीख को सुबह 11 बजे सायरन बजाकर भूकंप पूर्व चेतावनी प्रणाली का नियमित परीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। इसका उद्देश्य सेंसर, सायरन और मोबाइल ऐप की कार्यप्रणाली की जांच करना तथा तकनीकी खामियों को समय रहते दूर करना है। नियमित परीक्षण से वास्तविक भूकंप की स्थिति में चेतावनी प्रणाली की विश्वसनीयता बढ़ाने में मदद मिलेगी।

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169 सेंसर और 112 सायरन से हो रही निगरानी

राज्य में भूकंप पूर्व चेतावनी प्रणाली के तहत वर्तमान में 169 सेंसर और 112 सायरन स्थापित किए गए हैं। यूएसडीएमए और आईआईटी रुड़की के सहयोग से अतिरिक्त सेंसर लगाने की भी योजना है। इससे भूकंपीय गतिविधियों की निगरानी और चेतावनी व्यवस्था को और मजबूत किया जा सकेगा।

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आपदा प्रबंधन सचिव ने स्पष्ट किया कि शुक्रवार को बजाए गए सायरन वास्तविक भूकंप की चेतावनी नहीं, बल्कि पूर्व निर्धारित परीक्षण का हिस्सा थे। उन्होंने लोगों से भूदेव मोबाइल ऐप का अपडेटेड संस्करण डाउनलोड करने और ऐप को लोकेशन की अनुमति देने की अपील की, ताकि आपात स्थिति में चेतावनी संदेश प्राप्त हो सकें।

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